عاجل
ESIncendio forestal en Almorox se extiende a Madrid, provocando evacuaciones y cortes de carreteraESFord y Geely anuncian un proyecto industrial chino en AlmussafesESDaniel Siad, supuesto reclutador de Jeffrey Epstein, aparece muerto en ParísESFallece Joan Roca, bajista de Antònia Font, a los 53 añosESColapso en obras de soterramiento en Montcada i Reixac engulle una grúaESLa Generalitat pide extremar la precaución por riesgo máximo de incendio forestal en CatalunyaESSuperficie forestal quemada en España se duplica en dos semanas, superando 119.000 hectáreasESSuspensión y retrasos en Cercanías Madrid por incidencia de señalización y obrasESUn arma encasquillada evitó el remate del agresor a abogada en El EjidoESLa Junta de Paz de la ONU: Un Intento Efímero en un Mundo MultipolarESIncendio forestal en Almorox se extiende a Madrid, provocando evacuaciones y cortes de carreteraESFord y Geely anuncian un proyecto industrial chino en AlmussafesESDaniel Siad, supuesto reclutador de Jeffrey Epstein, aparece muerto en ParísESFallece Joan Roca, bajista de Antònia Font, a los 53 añosESColapso en obras de soterramiento en Montcada i Reixac engulle una grúaESLa Generalitat pide extremar la precaución por riesgo máximo de incendio forestal en CatalunyaESSuperficie forestal quemada en España se duplica en dos semanas, superando 119.000 hectáreasESSuspensión y retrasos en Cercanías Madrid por incidencia de señalización y obrasESUn arma encasquillada evitó el remate del agresor a abogada en El EjidoESLa Junta de Paz de la ONU: Un Intento Efímero en un Mundo Multipolar
Newsgather
رجوعतुर्की के गृह मंत्री ने कहा था- इंशाअल्लाह यरूशलम भी मुक्त होगा, अब भिड़े अर्दोआन और नेतन्याहू
तुर्की के गृह मंत्री ने कहा था- इंशाअल्लाह यरूशलम भी मुक्त होगा, अब भिड़े अर्दोआन और नेतन्याहू
مُلِح
BBC हिंदी11‏/6‏/2026العالم7 د قراءةIndia

तुर्की के गृह मंत्री ने कहा था- इंशाअल्लाह यरूशलम भी मुक्त होगा, अब भिड़े अर्दोआन और नेतन्याहू

نظرة سريعة

तुर्की के गृह मंत्री के यरुशलम की 'मुक्ति' की बात कहने के बाद राष्ट्रपति अर्दोआन और इसराइल के पीएम नेतन्याहू के बीच तीखी बयानबाजी शुरू हो गई है। नेतन्याहू ने अर्दोआन को 'यहूदी विरोधी तानाशाह' कहा, जबकि अर्दोआन ने नेतन्याहू को 'ग़ज़ा का कसाई' बताया।

ملخص مُنشأ بالذكاء الاصطناعي

حجم الخط

तुर्की के राष्ट्रपति रेचेप तैय्यप अर्दोआन इसराइल के प्रधानमंत्री बिन्यामिन नेतन्याहू के बीच ताज़ा तीख़ी बयानबाज़ी ने क्षेत्र में टकराव की आशंका को और बढ़ा दिया है.

फ़िलहाल यह तनाव अभी ज़ुबानी जंग तक सीमित है, लेकिन दोनों पक्षों के नेताओं और मंत्रियों के हालिया बयानों ने माहौल को और गर्म कर दिया है.

विवाद की ताज़ा शुरुआत तब हुई, जब तुर्की के गृह मंत्री मुस्तफ़ा चिफ्तची ने यरुशलम की 'मुक्ति' की बात कही.

इसके बाद बुधवार को अर्दोआन ने कहा कि अगर इसराइल को नहीं रोका गया तो पूरी मानवता को इसकी क़ीमत चुकानी पड़ेगी.

बुधवार को ही नेतन्याहू ने अर्दोआन को 'यहूदी विरोधी तानाशाह' कहा और उन्हें पर कुर्दों के जनसंहार के लिए ज़िम्मेदार ठहराते हुए, हमास को मदद करने का आरोप लगाया.

दरअसल, पिछले तीन सालों में तुर्की-इसराइल के संबंध राजनयिक स्तर पर सामान्य होने की कगार पर पहुंचने के बाद अब सीधे सैन्य संघर्ष के ख़तरे तक पहुंच चुके हैं.

बीते अप्रैल में भी नेतन्याहू और अर्दोआन के बीच तीख़ी ज़ुबानी जंग हुई थी. नेतन्याहू ने अर्दोआन पर ईरान में कथित 'आतंकवादी शासन' की सहायता करने और कुर्दों के जनसंहार का आरोप लगाया था.

इसके बाद अर्दोआन ने तुर्की की संसद में कहा था, "ग़ज़ा में 73,000 फ़लस्तीनियों के ख़ून से सने हाथों और चेहरों को देखे बिना, वो बेशर्मी से हमारे कुर्द भाइयों के ज़रिए हमारे देश पर आरोप लगाते हैं."

बीते मई में बीबीसी की तुर्की सेवा में प्रकाशित एक रिपोर्ट के मुताबिक़, विशेषज्ञों का कहना है कि तुर्की और इसराइल के बीच टकराव का ख़तरा 'पहले से कहीं अधिक' बढ़ गया है, लेकिन साथ ही दोनों पक्ष संभावित संघर्ष को रोकने की कोशिश कर रहे हैं.

विवाद की शुरुआत इसी महीने छह जून को तब हुई जब तुर्की के गृह मंत्री मुस्तफ़ा चिफ्तची ने कहा, "जिस तरह हमने दमिश्क, एलेपो और काराबाख की मुक्ति देखी, उसी तरह इंशाअल्लाह एक दिन हम यरुशलम की मुक्ति भी देखेंगे."

उन्होंने कहा, "अल्लाह से मेरी एक दिली प्रार्थना है कि वो मुझे केवल एक दिन के लिए ही सही, यरुशलम का गवर्नर बनने का अवसर दे. मुझे आज भी विश्वास है कि सर्वशक्तिमान हमें वह दिन दिखाएंगे...जैसे अतीत में था, वैसे ही वो ज़मीन एक बार फिर हमारी होगी. क्योंकि हमारे नेतृत्व में रेचेप तैय्यप एर्दोआन जैसे वैश्विक नेता हैं. एक विश्व नेता."

इसराइल में इस बयान की कड़ी प्रतिक्रिया हुई.

इसराइल के विदेश मंत्रालय ने सात जून को एक्स पर लिखा, "जागिए और हक़ीक़त को समझिए. भ्रष्ट उस्मानी साम्राज्य ख़त्म हो चुका है. हमेशा के लिए. यरुशलम डीसी (डेविड की राजधानी) इसराइल की हमेशा राजधानी रहेगा. हमेशा के लिए."

इसराइल के रक्षा मंत्री इज़राइल काट्ज़ ने एक्स पर लिखा, "यरुशलम का प्रशासन चलाने का सपना देखने वाले और धमकियां देने वाले तुर्की के गृह मंत्री से मैं कहना चाहता हूं कि यरुशलम कॉन्स्टेंटिनोपल नहीं है और इसराइल कोई ढहता हुआ क्रूसेडर साम्राज्य नहीं है."

"इसराइल एक मज़बूत और दृढ़ राष्ट्र है, जिसने किसी भी ख़तरे के ख़िलाफ़ अपनी रक्षा करने की क्षमता साबित की है."

इस बयानबाज़ी को और हवा तब मिली जब अर्दोआन ने नेतन्याहू की तुलना हिटलर से की और उन्हें 'ग़ज़ा का कसाई' कहा.

अर्देआन ने क्या कहा

अर्दोआन ने बुधवार एक लंबे सोशल मीडिया पोस्ट में इसराइल पर जमकर निशाना साधा.

उन्होंने एक्स पर लिखा, "जिस तरह आज पूरा विश्व होर्मुज़ स्ट्रेट में गतिरोध की क़ीमत चुका रहा है, उसी तरह इसराइल की गुंडागर्दी नहीं रोकी गई तो क्षेत्र के साथ-साथ पूरी मानवता को इसके परिणाम भुगतने पड़ेंगे."

"यूरोप में स्पेन ने जो साहस और विवेक दिखाया है, वह एक ऐतिहासिक ज़िम्मेदारी है, जिसे दूसरे देशों को भी निभाना चाहिए. आज ग़ज़ा में जारी जनसंहार का ख़ून उन लोगों के हाथों और चेहरों पर भी लगा है जो इस पर प्रतिक्रिया नहीं दे रहे हैं."

उन्होंने कहा कि 'ईरान और लेबनान से शुरू हुई आक्रामकता अब सीरिया, भूमध्यसागर और अफ्रीका तक के लिए ख़तरा बन रही है. इसके परिणाम एक बार फिर उन लोगों को भुगतने होंगे जो प्रतिक्रिया नहीं दे रहे हैं.'

अर्दोआन ने लिखा, "इसराइल को रोका जाना चाहिए. यह मानवता का कर्तव्य है और मानवता का मोर्चा भी. इतिहास को खुद को दोहराने की अनुमति नहीं दी जानी चाहिए. इसराइल की सभी बाधाओं के बावजूद तुर्की अपने क्षेत्र में शांति और स्थिरता स्थापित करने के लिए हर संभव प्रयास करेगा."

देश की संसद में अर्दोआन ने इसराइल को लेकर सुरक्षा संबंधी चिंताएं भी जताईं, "नेतन्याहू और उनके घातक नेटवर्क के सीरिया और लेबनान के ख़िलाफ़ हमले ऐसे स्तर पर पहुंच गए हैं कि वे अब केवल इन दो देशों के लिए ही नहीं बल्कि तुर्की के लिए भी ख़तरा बन रहे हैं."

उन्होंने कहा, "तुर्की की सुरक्षा एलेपो और दमिश्क से भी शुरू होती है. तुर्की की सुरक्षा बेरूत से शुरू होती है. अब ये लोग (इसराइली) और उनके सहयोगी सामने आकर तुर्की को धमकियां दे रहे हैं."

"आपको यह कहने की ज़रूरत नहीं है, हम पहले से ही आपकी मंशा, आपके मक़सद को बहुत अच्छी तरह जानते हैं. हम साफ़ देख रहे हैं कि आप क्या चाहते हैं."

संसद में उन्होंने कहा, "85 साल पहले हिटलर के सामने चुप्पी ने आठ करोड़ लोगों की जान ले ली थी. आज वही ग़लती दोहराई जा रही है. ग़ज़ा का कसाई नेतन्याहू और उनका मंत्रिमंडल जनसंहार कर रहा है और दुनिया उसी तरह की चुप्पी के साथ देख रही है."

नेतन्याहू की कड़ी प्रतिक्रिया

अर्दोआन के बयानों पर इसराइली प्रधानमंत्री नेतन्याहू ने भी कड़ी प्रतिक्रिया दी.

उन्होंने एक्स पर अपनी एक पोस्ट में अर्दोआन को तानाशाह और हमास जैसे संगठनों को मदद करने का आरोप लगाया.

उन्होंने लिखा, "यहूदी-विरोधी तानाशाह अर्दोआन, जो कुर्दों के ख़िलाफ़ जनसंहार कर रहे हैं, हमास आतंकवादी संगठन का समर्थन करते हैं, अपने ही लोगों पर दमन करते हैं और राजनीतिक प्रतिद्वंद्वियों को जेल में डालते हैं, वह आख़िरी व्यक्ति हैं जो इसराइली राष्ट्र को नैतिकता पर उपदेश दे रहे हैं."

नेतन्याहू ने आईडीएफ़ को दुनिया की सबसे नैतिक सेना होने का दावा करते हुए कहा, इसराइली राष्ट्र और उसकी सेना ईरान और उसके समर्थित उन समूहों के ख़िलाफ़ सख़्त कार्रवाई जारी रखेंगे, जिन्हें मध्य-पूर्व और पूरी दुनिया के लिए ख़तरा माना जाता है."

तुर्की के राष्ट्रपति के इन बयानों को कुछ विश्लेषकों ने क्षेत्रीय राजनीति के व्यापक संदर्भ में भी देखा है.

तुर्की मामलों के जानकार रागिप सोयलू ने एक्स पर लिखा, "अर्दोआन, अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप और इसराइली प्रधानमंत्री बिन्यामिन नेतन्याहू के बीच लेबनान और ईरान को लेकर बढ़ते मतभेदों से वाक़िफ़ हैं और उन्होंने इसी पृष्ठभूमि में नेतन्याहू के ख़िलाफ़ नए सिरे से ज़ुबानी हमले शुरू किए हैं."

क्यों बढ़ा तनाव

ईरान के ख़िलाफ़ अमेरिका-इसराइल युद्ध शुरू होने से पहले, 17 फ़रवरी को इसराइल के पूर्व प्रधानमंत्री नेफ़्टाली बेनेट ने दावा किया था कि तुर्की "नया ईरान" है.

नेफ़्टाली बेनेट ने यरूशलम में कॉन्फ़्रेंस ऑफ़ प्रेजिडेंट्स ऑफ मेजर अमेरिकन जूईश ऑर्गेनाइज़ेशन को संबोधित करते हुए कहा था कि इस इलाक़े में एक नई धुरी बन रही है, जिसमें तुर्की, क़तर, मुस्लिम ब्रदरहुड और परमाणु शक्ति संपन्न पाकिस्तान शामिल हैं.

नेफ़्टाली ने कहा था कि यह गठजोड़ इसराइल के ख़िलाफ़ शत्रुता को हवा दे रहा है और सऊदी अरब को भी प्रभावित करने की कोशिश की जा रही है.

बेनेट ने इस कॉन्फ़्रेंस में चेतावनी दी थी कि तुर्की इसराइल के लिए एक नया ख़तरा बनता जा रहा है और इसे लेकर सरकार अनजान है.

इसराइल के पूर्व प्रधानमंत्री ने कहा था, ''तुर्की के राष्ट्रपति रेचेप तैय्यप अर्दोआन एक ख़तरनाक प्रतिद्वंद्वी हैं जो इसराइल को घेरने की कोशिश कर रहे हैं. हमें फिर से अपनी आँखें बंद नहीं करनी चाहिए."

مواضيع ذات صلة

This article was originally published by BBC हिंदी.

أخبار ذات صلة

المزيد حول هذا الموضوعErdogan