Breaking
CNRussian drone strike on depot near Kyiv kills at least 37DEUS-Präsident Trump verkündet weitreichendes Erdölabkommen mit VenezuelaRUВ Курской области мужчина пострадал при взрыве неизвестного предметаTRGüzellik merkezinde gizli kayıt skandalı: 14 bin video ele geçirildiCN南投竹山22歲男子遭強擄凌虐致死 檢警鎖定嫌犯追緝中FRUTMB 2026 : Ben Dhiman domine la course, Blandine L'Hirondel en tête chez les femmesAUNorth Queensland Cowboys secure finals spot with victory over Wests TigersAUAFL Wildcard Round: Carlton vs Melbourne Live UpdatesESJunta de Turismo de Nepal localiza a dos ciudadanos españoles tras masivas riadasDEFlutkatastrophe im Himalaya: Über 630 Tote und 2.500 VermissteCNRussian drone strike on depot near Kyiv kills at least 37DEUS-Präsident Trump verkündet weitreichendes Erdölabkommen mit VenezuelaRUВ Курской области мужчина пострадал при взрыве неизвестного предметаTRGüzellik merkezinde gizli kayıt skandalı: 14 bin video ele geçirildiCN南投竹山22歲男子遭強擄凌虐致死 檢警鎖定嫌犯追緝中FRUTMB 2026 : Ben Dhiman domine la course, Blandine L'Hirondel en tête chez les femmesAUNorth Queensland Cowboys secure finals spot with victory over Wests TigersAUAFL Wildcard Round: Carlton vs Melbourne Live UpdatesESJunta de Turismo de Nepal localiza a dos ciudadanos españoles tras masivas riadasDEFlutkatastrophe im Himalaya: Über 630 Tote und 2.500 Vermisste
Backनेपाल: रसुवागढ़ी में बाढ़ के बाद हाइड्रोपावर परियोजनाओं में 1,000 लोग लापता
नेपाल: रसुवागढ़ी में बाढ़ के बाद हाइड्रोपावर परियोजनाओं में 1,000 लोग लापता
BREAKING
BBC हिंदी49 minutes agoWorld4 min readIndia

नेपाल: रसुवागढ़ी में बाढ़ के बाद हाइड्रोपावर परियोजनाओं में 1,000 लोग लापता

अपर त्रिशूली-1 हाइड्रोपावर परियोजना की सुरंग में 400 से अधिक लोगों के फंसे होने की आशंका, बचाव अभियान जारी

Quick Look

नेपाल के रसुवागढ़ी में बाढ़ के कारण कई हाइड्रोपावर परियोजनाओं में काम करने वाले करीब 1,000 लोगों से संपर्क टूट गया है। अपर त्रिशूली-1 परियोजना की सुरंग में 400 से अधिक लोगों के फंसे होने की आशंका है। बचाव कार्य के लिए सेना और हेलीकॉप्टरों की मदद ली जा रही है।

AI-generated summary

Why It Matters

रसुवागढ़ी क्षेत्र में भारी बाढ़ के कारण कई जलविद्युत परियोजनाओं में बुनियादी ढांचा क्षतिग्रस्त हो गया है। सुरंगों के मुहाने मलबे से बंद होने के कारण सैकड़ों कर्मचारी अंदर फंस गए हैं।

Font size

चीन से सटे नेपाल के रसुवागढ़ी इलाक़े में बाढ़ के बाद कई हाइड्रोपावर परियोजनाओं में काम करने वाले क़रीब 1,000 लोगों से संपर्क नहीं हो पाया है.

नेपाल के ऊर्जा मंत्रालय के मुताबिक़, इनमें 400 से ज़्यादा लोगों के अलग-अलग परियोजनाओं की सुरंगों में फंसे होने की आशंका है, जिनके लिए रेक्यू अभियान जारी है.

नेशनल डिजास्टर रिस्क रिडक्शन अथॉरिटी (एनडीआरआरए) ने हाइड्रोपावर परियोजनाओं से 933 लोगों से संपर्क न हो पाने की जानकारी दी है. अधिकारियों के मुताबिक़, फंसे लोगों को बचाने के लिए अभियान जारी है.

नेपाल के ऊर्जा मंत्रालय के एक प्रवक्ता ने कहा है कि चीन की सीमा के पास रसुवागढ़ी में आई बाढ़ के कारण इलाक़े की कई हाइड्रोपावर परियोजनाओं में काम कर रहे क़रीब 1,000 लोगों से अब भी संपर्क नहीं हो पाया है.

मंत्रालय ने शुक्रवार को कहा कि अलग-अलग हाइड्रोपावर परियोजनाओं के प्रमोटरों से बातचीत के बाद संपर्क से कटे और सुरंगों में फंसे लोगों का ब्योरा अपडेट किया जा रहा है.

ऊर्जा मंत्रालय के प्रवक्ता मोहन शाक्य के मुताबिक़, अकेले कोरियाई निवेश वाली अपर त्रिशूली-1 हाइड्रोपावर परियोजना की सुरंग में 400 से ज़्यादा लोगों के फंसे होने की आशंका है.

शाक्य ने बीबीसी न्यूज़ नेपाली से कहा, "रिपोर्ट मिली है कि हाइड्रोपावर परियोजनाओं में काम कर रहे 1,000 से ज़्यादा लोगों से संपर्क टूट गया है."

"अपर त्रिशूली-1 में सबसे ज़्यादा लोगों से संपर्क नहीं है. शुरुआती जानकारी के मुताबिक़, वहां सुरंग में क़रीब 400 लोग फंसे हैं. सुरंग के बाहर मौजूद 176 लोगों से भी संपर्क नहीं हो पाया है."

परियोजना के संपर्क अफ़सर गिरी अधिकारी के मुताबिक़, परियोजना की 10 किलोमीटर लंबी सुरंग में मलबा भर जाने से बचाव अभियान प्रभावित हुआ है.

अधिकारी ने कहा, "यह ऐसी सुरंग है जिसमें दरार आई है. ऑडिट सुरंगें (आपातकालीन रास्ते) बंद नहीं हुए हैं. इसलिए अंदर ऑक्सीजन की कमी नहीं होनी चाहिए. अंदर खाने और पानी की कमी है. अगर समय पर बचाव किया गया तो अनुमान है कि अंदर मौजूद लोगों को बचा लिया जाएगा."

उनके मुताबिक़, गुरुवार को चार कर्मचारी ख़ुद सुरंग से बाहर आए थे. उन्होंने बताया कि सुरंग के अंदर क़रीब 400 लोग हैं. परियोजना अधिकारियों के मुताबिक़, उस दिन सुरंग के अंदर काम करने के लिए तैनात कर्मचारियों की संख्या भी क़रीब 400 थी.

परियोजना के संपर्क अधिकारी अधिकारी ने बीबीसी न्यूज़ नेपाली को बताया कि सुरंग तक पहुंचने वाले सभी रास्ते बह जाने के कारण अब चट्टान के किनारे हेलिकॉप्टर से लटककर ही सुरंग में प्रवेश किया जा सकता है.

कुल 126 मेगावाट क्षमता वाली इस परियोजना में नेपाली कर्मचारियों के साथ कोरियाई, चीनी और भारतीय कर्मचारी भी काम कर रहे हैं.

उन्होंने बताया कि परियोजना में 100 चीनी कर्मचारी काम कर रहे हैं और उनमें से कुछ को बचा लिया गया है. अधिकारी के मुताबिक़, परियोजना में काम करने वाले 40 भारतीय और 8 कोरियाई कर्मचारियों का अब तक पता नहीं चल पाया है.

उन्होंने बताया कि क़रीब 80 फ़ीसदी पूरी हो चुकी इस परियोजना की रोज़ाना की हाज़िरी के मुताबिक़, बाढ़ से पहले यहां 1,350 लोग काम कर रहे थे.

ऊर्जा मंत्रालय के एक प्रवक्ता ने बताया कि इनमें से अब तक 254 लोगों को बचा लिया गया है. परियोजना के संपर्क अफ़सर गिरी अधिकारी ने बताया कि बचाए गए ज़्यादातर कर्मचारी सुरंग के बाहर थे.

परियोजना के अधिकारियों ने बताया कि सुरंग के बाहर मौजूद क़रीब 200 लोगों से भी संपर्क नहीं हो पाया है. उन्होंने कहा कि संभावना है कि संपर्क कटे कुछ कर्मचारी परियोजना के ऊपर स्थित गांवों में चले गए हों और उनसे संपर्क नहीं हो पाया हो.

नेपाल के ऊर्जा मंत्री बिराज भक्त श्रेष्ठ के सलाहकार गणेश कार्की ने बताया कि रसुवा और नुवाकोट की परियोजनाओं समेत नौ परियोजनाओं में काम करने वाले लोगों से संपर्क नहीं हो पाया है.

ऊर्जा मंत्रालय के प्रवक्ता शाक्य के मुताबिक़, रसुवागढ़ी हाइड्रोपावर प्रोजेक्ट में काम करने वाले 93 लोग लापता हैं. इसी तरह अपर त्रिशूली 3ए में 43 लोग लापता हैं और 30 लोगों के सुरंग के अंदर होने की आशंका है.

नेपाल विद्युत प्राधिकरण ने बताया है कि इस परियोजना में 11 लोगों से अब संपर्क हो गया है. जब लोग रखरखाव के लिए सुरंग के अंदर उत्पादन केंद्र की ओर जा रहे थे, उसी दौरान परियोजना में बाढ़ का पानी घुस गया.

प्राधिकरण ने कहा, "खुदाई के लिए ज़रूरी उपकरणों का इस्तेमाल करते हुए नेपाली सेना और कुशल कर्मचारियों समेत अन्य लोगों की मदद से भूमिगत पावर हाउस तक जाने वाली केबल सुरंग के मलबे से बंद मुहाने को खोलने का काम तेज़ी से चल रहा है."

ऊर्जा मंत्रालय ने यह भी बताया है कि अपर त्रिशूली 3बी के 158 लोगों का संपर्क टूट गया है. विद्युत प्राधिकरण ने बताया है कि इस परियोजना का कैंप जिस इलाक़े में है, वह भूस्खलन के मलबे में पूरी तरह दब गया है.

प्राधिकरण ने कहा, "बेहद मुश्किल और जोखिम भरी परिस्थितियों के बीच बचाव और वहां तक पहुंचने का काम जारी है. हेलीकॉप्टर से परियोजना स्थल का लगातार हवाई निरीक्षण कर स्थिति का आकलन किया जा रहा है. इसके अलावा खुदाई करने वाली मशीनों समेत ज़रूरी उपकरणों को हेलीकॉप्टर से मौके तक पहुंचाया गया है और काम शुरू कर दिया गया है."

ऊर्जा मंत्रालय के मुताबिक़, चिलिमे हाइड्रोपावर परियोजना में काम करने वाले आठ लोग लापता हैं. माना जा रहा है कि वे सुरंग के अंदर हैं.

निजी ऊर्जा उत्पादकों के संगठन आईपीपीएएन के अध्यक्ष मोहन डांगी ने कहा कि लैंगटांग हाइड्रोपावर परियोजना की सुरंग में फंसे 62 लोगों में से 18 को बचा लिया गया है. उन्होंने कहा कि परियोजना से और लोगों को बचाए जाने की उम्मीद है.

नेपाल विद्युत प्राधिकरण ने बताया है कि भोटेकोशी-त्रिशूली क्षेत्र में निर्माणाधीन और चालू 11 हाइड्रोपावर परियोजनाएं बाढ़ से क्षतिग्रस्त हुई हैं.

प्राधिकरण की सहायक कंपनियों और निजी डेवलपर्स ने बताया कि शुरुआती जानकारी के अनुसार, कुल 470 मेगावाट क्षमता वाली 15 निर्माणाधीन हाइड्रोपावर परियोजनाओं को नुकसान पहुंचने की सूचना मिली है.

इसी तरह अपर मेलुंग ए और मेलुंग खोला परियोजनाओं में सात-सात लोग, लैंगटांग भोटेकोशी में दो चीनी नागरिकों समेत चार लोग और सेंट्रल त्रिशूली में दो लोगों से संपर्क नहीं हो पाया है.

एक अधिकारी चंद्रशेर राणा ने बताया कि सुरंग के मुहाने पर फंसे लोगों ने मदद मांगने के लिए प्रधानमंत्री कार्यालय के तहत आने वाले 'हेलो सरकार' में फ़ोन किया था. राणा ने बताया कि 216 मेगावाट की इस परियोजना में फंसे लोगों ने मदद मांगी.

राणा ने कहा, "हम सुरंग के मुहाने पर हैं. हम हाथ उठा रहे हैं. हमें फ़ोन आया कि हेलीकॉप्टर भेजना ज़रूरी है. इसके बाद हमने संबंधित अधिकारियों को जानकारी दी. हमें बताया गया है कि उन्हें बचा लिया गया है."

राणा ने कहा, "कई लोगों ने अपने रिश्तेदारों को खोजने की अपील की है. कुछ लोगों ने यह भी फ़ोन करके बताया है कि उन्हें बचाव और राहत की ज़रूरत है."

What to Watch

AI outlook — possibilities, not facts

  • बचाव अभियान में तेजी लाने के लिए अतिरिक्त सैन्य बल तैनात किए जाएंगे।

    Very likely · Within hours

Open Questions

  • सुरंगों में फंसे लोगों की सटीक वर्तमान स्थिति क्या है?
  • बचाव कार्य में और कितना समय लगेगा?

Related Topics

This article was originally published by BBC हिंदी.

Related Stories

More on this topicनेपाल