
न्यूयॉर्क के मेयर ज़ोहरान ममदानी ने सात अक्टूबर को हमास के हमले की तीसरी बरसी पर बयान दिया, जिसमें हमास के हमले को युद्ध अपराध बताते हुए निंदा की, लेकिन इसके बाद इसराइल के ग़ज़ा अभियान को जनसंहार कहा और अमेरिका के टैक्स के पैसे से इन युद्ध अपराधों के वित्त पोषण का आरोप लगाया, जिससे सोशल मीडिया पर विवाद खड़ा हो गया और बयान को डेढ़ करोड़ से अधिक बार देखा गया।
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ज़ोहरान ममदानी लंबे समय से इसराइल के आलोचक रहे हैं और 2023 के हमास हमले के बाद से फ़लस्तीनियों के साथ इसरायल के व्यवहार की आलोचना करते रहे हैं। सात अक्टूबर 2023 को हमास ने इसराइल पर हमला किया, जिसमें 1,100 से अधिक इसराइलियों की मृत्यु हुई और 251 लोगों का अपहरण हुआ। इसके बाद इसराइल ने ग़ज़ा में सैन्य अभियान शुरू किया।
प्रकाशित 3 मिनट पहले
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न्यूयॉर्क के मेयर ज़ोहरान ममदानी के सात अक्टूबर को इसराइल पर हमास के हमले की तीसरी बरसी पर दिए गए बयान से बुधवार को विवाद खड़ा हो गया और सोशल मीडिया पर इसे लाखों बार देखा गया.
ममदानी लंबे समय से इसराइल के आलोचक रहे हैं और 2023 के हमले के बाद से फ़लस्तीनियों के साथ इसरायल के व्यवहार की ख़ास तौर पर आलोचना करते रहे हैं.
लेकिन बरसी पर की गई टिप्पणी के कारण उन्हें ख़ास तौर पर तीखी प्रतिक्रिया का सामना करना पड़ा. आलोचकों ने कहा कि बुधवार ऐसा मौक़ा था, जब निर्वाचित नेताओं को विभाजनकारी बयानबाज़ी से बचना चाहिए.
ममदानी ने अपने बयान की शुरुआत हमास के हमले को भयावह युद्ध अपराध बताते हुए उसकी निंदा से की, लेकिन इसके बाद अपने बयान का ज़्यादातर हिस्सा इसराइल के सैन्य अभियान को जनसंहार के रूप में पेश करने में लगाया.
ममदानी ने क्या कहा?
उन्होंने सात अक्टूबर 2023 के बारे में लिखा, "यह दिन न्यूयॉर्क के कई लोगों के लिए बेहद पीड़ादायक है. सात अक्टूबर के भयावह युद्ध अपराधों को तीन साल हो गए हैं. उस दिन हमास ने 1,100 से अधिक इसराइलियों की हत्या कर दी थी और 251 अन्य लोगों का अपहरण कर लिया था. हम अपने उन कई दोस्तों और पड़ोसियों के साथ शोक में शामिल हैं, जो अब भी उस अकल्पनीय नुक़सान का दर्द झेल रहे हैं.''
""यह पीड़ा उस दिन शुरू नहीं हुई थी और न ही उसी दिन ख़त्म हुई. इसके बजाय, यह ग़ज़ा में इसराइली सरकार की ओर से विनाशकारी जनसंहार के रूप में जारी रही, जिसमें 74,000 से ज़्यादा फ़लस्तीनी मारे गए हैं, जिनमें 21,000 से अधिक बच्चे शामिल हैं. कथित युद्धविराम के बाद भी 1,400 से अधिक फ़लस्तीनी मारे गए हैं.''
""हर उस इसराइली बम के साथ यह पीड़ा और गहरी हुई, जो अस्पतालों के बाहर इंतज़ार कर रही एंबुलेंसों पर गिराया गया, हर उस ड्रोन हमले के साथ, जिसमें किसी रिहायशी इमारत या पत्रकार को निशाना बनाया गया, और हर उस मदद की खेप के साथ, जिसे सीमा पार से वापस कर दिया गया. कई न्यूयॉर्कवासी इस असहनीय पीड़ा से जूझ रहे हैं और हम उनके साथ शोक में शामिल हैं. यह जानते हुए भी कि हमारे टैक्स के पैसे इन युद्ध अपराधों को वित्त पोषित करते हैं.''
तीन साल बाद, हमें ऐसी दुनिया को स्वीकार करने से इनकार करना होगा, जिसमें क़ब्ज़ा और रंगभेद जारी रहे, युद्ध अपराधों के लिए किसी को सज़ा न मिले और हमारी फेडरल सरकार हर हथियारों की खेप के साथ अपनी मिलीभगत जारी रखे. मृतकों को सम्मान देने के लिए हमें ऐसी दुनिया के लिए संघर्ष करना होगा, जिसमें हर व्यक्ति स्वतंत्रता, सुरक्षा और सम्मान के साथ रह सके.''
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ममदानी की इस पोस्ट पर डेली वायर के सह-संस्थापक और पॉलिटिकल पोडकास्ट बेन शापिरो शो के होस्ट बेन शापिरो ने लिखा है, ""49 शब्द सात अक्टूबर को मारे गए यहूदियों की श्रद्धांजलि में. 141 शब्द इस बारे में कि हर चीज़ के लिए इसराइल ज़िम्मेदार है और इसका एकमात्र जवाब उन लोगों को और अधिक शक्ति, पैसा और अधिकार सौंपना है जो इसराइल को नष्ट करना चाहते हैं.""
ट्रंप के पहले कार्यकाल में यूएन में अमेरिका की शीर्ष डिप्लोमैट रहीं निकी हेली ने भी ममदानी की टिप्पणी की निंदा की है. निकी हेली ने एक्स पर लिखा है, ""आप एक ही समय में चुंबन देने और इसराइलियों के चेहरे पर तमाचा मारने की कोशिश कर रहे हैं, यह शर्मनाक है.""
निकी हेली ने लिखा है, ""सात अक्तूबर को हमास ने इसराइलियों और अमेरिकियों के साथ उनके प्रियजनों के सामने बलात्कार, उन्हें जलाने और हत्या करने जैसी घटनाओं को अंजाम दिया. उसने कई अन्य लोगों का अपहरण किया और महीनों तक उन्हें प्रताड़ित किया. आप इसे चाहे जितना भी अच्छे शब्दों में पेश करने की कोशिश करें, यह यहूदी-विरोधी है. इसराइलियों को अपनी रक्षा करने का पूरा अधिकार है. अगर ऐसा अमेरिका में होता, तो आप यक़ीन मानिए कि हम भी अपनी रक्षा करते.""
ममदानी की राजनीति
ममदानी के इस बयान को अब तक डेढ़ करोड़ से अधिक बार देखा जा चुका था. इसे लेकर व्यापक प्रतिक्रिया हुई और कुछ ऐसे डेमोक्रेट नेताओं ने भी इसकी आलोचना की, जो इस संघर्ष को लेकर अलग विचार रखते हैं.
न्यूयॉर्क के डेमोक्रेट सांसद डैन गोल्डमैन ने इसे ""बेहद आपत्तिजनक और अपमानजनक"" बताया.
गोल्डमैन ने पॉलिटिको से कहा, ""इस पर ध्यान देने के लिए साल के 364 दिन हैं. यह ऐसा दिन है, जब सिर्फ़ उस हमले पर ध्यान दिया जाना चाहिए, जिसे सभी पक्षों ने एक भयावह आतंकवादी हमला माना है."
उन्होंने कहा, ""आज मेयर के बयान ने तीन साल पहले हुए हमले के लिए इसराइलियों को दोषी ठहराने का काम किया है. संघर्ष को लेकर आपकी वास्तविक राय चाहे जो हो और उसके बाद या उससे पहले जो कुछ हुआ हो, पीड़ित को दोषी ठहराने का कोई औचित्य नहीं है."
इसराइल के प्रधानमंत्री बिन्यामिन नेतन्याहू की सरकार के ग़ज़ा में सैन्य अभियान को लेकर अंतरराष्ट्रीय आपराधिक न्यायालय का गिरफ़्तारी वॉरंट अब भी कायम है. इसराइल ने जनसंहार करने के आरोप से इनकार किया है.
ममदानी के संदेश का अंदाज़ न्यूयॉर्क के अन्य निर्वाचित नेताओं से बिल्कुल अलग था. बाक़ी नेताओं ने केवल सात अक्टूबर की घटनाओं पर ध्यान केंद्रित किया और उसके बाद हुए घटनाक्रम का उल्लेख नहीं किया.
मिसाल के तौर पर, गवर्नर कैथी होकुल ने ""यहूदियों की ताक़त, दृढ़ता और कायम रहने वाली उम्मीद"" का उल्लेख किया, लेकिन युद्ध का ज़िक्र नहीं किया. सिटी काउंसिल की स्पीकर जूली मेनिन, जो यहूदी हैं, ने भी इसी तरह का रुख़ अपनाया. वहीं, ममदानी के एक प्रमुख सहयोगी और यहूदी प्रगतिशील डेमोक्रेट ब्रैड लैंडर ने सात अक्तूबर के व्यापक प्रभावों की ओर इशारा किया, लेकिन अपने समर्थकों से एक समूह की पीड़ा को दूसरे समूह की पीड़ा के मुक़ाबले कमतर न आंकने की अपील की.
संयुक्त राष्ट्र में इसराइल के राजदूत डैनी डैनन ने न्यूयॉर्क पोस्ट से कहा, ""वह उस एकमात्र दिन को अपने एजेंडे के लिए इस्तेमाल करने की कोशिश कर रहे हैं, जो पीड़ितों और बचे लोगों के लिए होना चाहिए. वह इस दिन का इस्तेमाल इसराइल पर हमले की बात करने के लिए करना चाहते हैं. यह ऐसा है, जैसे 9/11 पर आप पीड़ितों और अल-क़ायदा के आतंकवादियों की बात करने लगें. मूल रूप से, यह पीड़ितों के लिए हमारे पास मौजूद एकमात्र दिन को लेकर इसराइल पर प्रॉपेगैंडा के ज़रिए हमला करने की कोशिश है. वह ख़तरनाक और चालाक हैं. वह दोनों समारोहों में जाएंगे और यह दिखाने की कोशिश करेंगे कि उन्हें दोनों पक्षों की जान जाने का दुख है."
एग्ज़िट पोल के मुताबिक़, 2025 में एंड्रयू क्यूमो को हराकर मेयर बनने पर ममदानी को न्यूयॉर्क के लगभग एक-तिहाई यहूदी मतदाताओं का समर्थन मिला था. वह वामपंथी विचार रखने वाले यहूदियों के बीच लोकप्रिय हैं, जो लगभग एकमत से ग़ज़ा में इसराइल की कार्रवाई का विरोध करते हैं.
अपने कॉलेज के दिनों से ही ममदानी वेस्ट बैंक और ग़ज़ा में फ़लस्तीनियों के साथ इसराइल के व्यवहार के ख़िलाफ़ मुखर रहे हैं. न्यूयॉर्क एसेंबली के प्रतिनिधि के रूप में अपने कार्यकाल और मेयर पद के लिए अपने अभियान के दौरान उन्होंने इसराइल को लेकर ऐसी भाषा का इस्तेमाल किया, जो न्यूयॉर्क सिटी की मुख्यधारा की राजनीति में पहले शायद ही देखने को मिली थी.
AI outlook — possibilities, not facts
ममदानी के बयान से न्यूयॉर्क में यहूदी मतदाताओं का उनका समर्थन कम हो सकता है।
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इस विवाद से अन्य अमेरिकी शहरों के नेताओं पर भी इसी तरह के बयान देने का दबाव बढ़ सकता है।
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